1. महाराष्ट्र के किस सुधारक को 'लोकहितवादी' कहा जाता था ?
Answer :-
Solution:
गोपाल हरी देशमुख को 'लोकहितवादी' के रूप में जाना जाता था। उन्हें 19वीं सदी के महाराष्ट्र के प्रमुख सामाजिक सुधारक माना जाता है। उन्होंने जातिगत भेदभाव, बाल विवाह और विधवा पुनर्विवाह का विरोध किया। उन्होंने शिक्षा और महिला अधिकारों को बढ़ावा देने के लिए भी काम किया। उनके लेखों और भाषणों को अक्सर "लोकहितवादी" नाम से प्रकाशित किया जाता था, जो उनके उपनाम के रूप में लोकप्रिय हो गया।
2. जब भारत और रूस के बीच मैत्री और सहयोग की संधि पर हस्ताक्षर किए गए तब रूसी नेता कौन थे ?
Answer :-
Solution:
भारत और रूस के बीच मैत्री और सहयोग की संधि पर 9 अगस्त, 1971 को हस्ताक्षर किए गए थे। उस समय रूस के नेता लियोनिद ब्रेज़नेव (Leonid Brezhnev) थे, जो 1964 से 1982 तक सोवियत संघ की कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव के रूप में कार्यरत थे। इस संधि ने दोनों देशों के बीच मजबूत राजनीतिक, आर्थिक और सैन्य संबंधों की नींव रखी, जो आज भी जारी है।
3. काबून निर्माण हेतु प्रस्तावित विधेयक के कितने वायन होते हैं ?
Answer :-
Solution:
काबून निर्माण हेतु प्रस्तावित विधेयक में कुल 11 वायन हैं। ये वायन विभिन्न पहलुओं को कवर करते हैं, जिनमें कार्बन क्रेडिट प्रणाली की स्थापना, कार्बन उत्सर्जन की निगरानी और सत्यापन, और कार्बन भंडारण परियोजनाओं के लिए प्रोत्साहन शामिल हैं। इन वायनों का उद्देश्य भारत को अपने कार्बन उत्सर्जन को कम करने और 2070 तक शुद्ध-शून्य लक्ष्य प्राप्त करने में मदद करना है।
4. छाल वलक पर उगने वाली कवकों को किस प्रकार का कहा जाता है ?
Answer :-
Solution:
छाल वलक पर उगने वाली कवकों को कॉर्टिकॉल फंगी कहा जाता है। वे पेड़ों की छाल की बाहरी सतह पर पाए जाने वाले कवक का एक समूह हैं और पेड़ों के स्वास्थ्य में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कॉर्टिकॉल फंगी पोषक तत्वों के स्रोत के रूप में पेड़ की छाल का उपयोग करते हैं, जबकि पेड़ों को कीट और बीमारी से सुरक्षा प्रदान करते हैं।
5. जब भारत के राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति दोनों के पद खाली हों, तब उसका पद कौन संभालेगा ?
Answer :-
Solution:
भारत के संविधान के अनुच्छेद 65 के अनुसार, यदि राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति दोनों के पद एक साथ खाली हों, तो भारत का मुख्य न्यायाधीश या उनके अनुपस्थिति में सर्वोच्च न्यायालय का वरिष्ठतम न्यायाधीश राष्ट्रपति के रूप में कार्य करेगा। यह व्यवस्था तब तक जारी रहेगी जब तक एक नया राष्ट्रपति निर्वाचित नहीं हो जाता।
6. भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना किस वायसराय के शासनकाल में हुई ?
Answer :-
Solution:
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना 28 दिसंबर, 1885 को बॉम्बे (वर्तमान मुंबई) में वायसराय डफरिन के शासनकाल में हुई थी। ए.ओ. ह्यूम, एक सेवानिवृत्त आईसीएस अधिकारी, को इसके संस्थापक सदस्यों में से एक माना जाता है। कांग्रेस का उद्देश्य ब्रिटिश राज के तहत भारतीयों के लिए स्व-शासन और नागरिक अधिकारों की वकालत करना था।
7. समन्वित ग्रामीण विकास कार्यक्रम किस वर्ष प्रारम्भ किया गया ?
Answer :-
Solution:
समन्वित ग्रामीण विकास कार्यक्रम (आईआरडीपी) एक प्रमुख ग्रामीण विकास कार्यक्रम था जो 1980-81 में शुरू किया गया था। इसका उद्देश्य गरीब ग्रामीण परिवारों को उनकी आय बढ़ाने और बेहतर जीवन स्तर प्राप्त करने में मदद करना था। आईआरडीपी ने स्व-रोजगार गतिविधियों के लिए सब्सिडी और ऋण प्रदान किया, साथ ही साथ बुनियादी ढांचे और सामाजिक सेवाओं के विकास का समर्थन किया। कार्यक्रम ने गरीबी में महत्वपूर्ण कमी लाने और ग्रामीण क्षेत्रों में जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने में मदद की।
8. भारत में केन्द्र सरकार की आय के स्रोतों को संविधान की किस अनुसूची में उल्लिखित किया गया है ?
Answer :-
Solution:
भारत में केंद्र सरकार की आय के स्रोतों को संविधान की **सातवीं अनुसूची** में उल्लिखित किया गया है, जिसे "संघ सूची" के रूप में भी जाना जाता है। इस अनुसूची में तीन सूचियाँ शामिल हैं:
* **सूची I (संघ सूची):** इसमें केंद्र सरकार के एकमात्र अधिकार वाले विषय, जैसे रक्षा, विदेश मामले और कराधान शामिल हैं।
* **सूची II (राज्य सूची):** इसमें वे विषय शामिल हैं जिन पर राज्य सरकारों का एकमात्र अधिकार है, जैसे पुलिस, शिक्षा और स्वास्थ्य देखभाल।
* **सूची III (समवर्ती सूची):** इसमें वे विषय शामिल हैं जिन पर केंद्र और राज्य दोनों सरकारों का समवर्ती अधिकार है, जैसे श्रम, शिक्षा और पर्यावरण।
9. पूँजीवादी अर्थव्यवस्था में कीमत निर्धारण किसके द्वारा होती है ?
Answer :-
Solution:
पूंजीवादी अर्थव्यवस्था में, कीमतें बाजार बलों द्वारा निर्धारित की जाती हैं, अर्थात् आपूर्ति और मांग। आपूर्ति विक्रेताओं द्वारा किसी वस्तु या सेवा की उपलब्ध मात्रा को संदर्भित करती है, जबकि मांग उपभोक्ताओं द्वारा उस वस्तु या सेवा की वांछित मात्रा को इंगित करती है। जब आपूर्ति मांग से अधिक होती है, तो कीमतें कम हो जाती हैं, और जब मांग आपूर्ति से अधिक होती है, तो कीमतें बढ़ जाती हैं। सरकारी हस्तक्षेप, मौद्रिक नीति और बाजार एकाधिकार जैसे कारक भी कीमतों को प्रभावित कर सकते हैं।
10. ऊँचाई बढ़ने से वायुमण्डलीय दाब पर क्या प्रभाव पड़ता है ?
Answer :-
Solution:
वायुमंडलीय दाब ऊंचाई बढ़ने के साथ घटता है। इसका कारण गुरुत्वाकर्षण बल है, जो पृथ्वी के वायुमंडल के वजन को खींचता है। ऊंचाई बढ़ने पर वायुमंडल में ऊपर की ओर उठने वाले वायु कणों का द्रव्यमान कम हो जाता है, जिससे दाब कम हो जाता है। यह संबंध इस प्रकार है:
P = P0 * (1 - (h/H)) ^ (gH/RT)
जहां P ऊंचाई h पर दाब है, P0 समुद्र तल पर दाब है, H वायुमंडल की स्केल ऊंचाई है, g गुरुत्वाकर्षण का त्वरण है, R सार्वभौमिक गैस स्थिरांक है, और T तापमान है।